Weighted Code (वेटेड कोड)
Weighted Code वह बाइनरी कोड होता है जिसमें हर बिट (स्थान) का एक निश्चित भार (weight) होता है। किसी संख्या का मान, उन बिट्स के भारों के योग से निकाला जाता है जिनका मान 1 होता है।
विशेषता
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हर बिट का वजन पहले से तय होता है
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दशमलव मान आसानी से निकाला जा सकता है
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अंकगणितीय गणना सरल होती है
उदाहरण :
1️⃣ 8421 BCD Code
इस कोड में 4 बिट्स के वजन होते हैं:
| Bit Position | 1 | 2 | 3 | 4 |
|---|---|---|---|---|
| Weight | 8 | 4 | 2 | 1 |
उदाहरण :
दशमलव संख्या = 5
BCD कोड = 0101
गणना:
0×8 + 1×4 + 0×2 + 1×1 = 5
2️⃣ 2421 Code
वजन = 2, 4, 2, 1
यह भी एक Weighted Code है।
Weighted Code के उदाहरण
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8421 BCD Code
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2421 Code
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5211 Code
Non-Weighted Code (नॉन-वेटेड कोड)
Non-Weighted Code वह बाइनरी कोड होता है जिसमें बिट्स का कोई निश्चित भार नहीं होता। संख्या का मान सीधे बिट्स के योग से नहीं निकाला जा सकता।
विशेषता
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कोई फिक्स्ड weight नहीं
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त्रुटि (error) पहचान में सहायक
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कुछ विशेष कार्यों के लिए उपयोगी
उदाहरण
1️⃣ Gray Code
इस कोड की विशेषता है कि दो लगातार संख्याओं में केवल एक बिट बदलता है।
| Decimal | Gray Code |
|---|---|
| 0 | 000 |
| 1 | 001 |
| 2 | 011 |
| 3 | 010 |
इसमें 8-4-2-1 जैसा कोई weight लागू नहीं होता।
2️⃣ Excess-3 Code
यह कोड 8421 BCD + 3 जोड़कर बनाया जाता है, लेकिन इसके बिट्स का कोई तय वजन नहीं माना जाता।
Non-Weighted Code के उदाहरण
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Gray Code
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Excess-3 Code
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ASCII Code (सामान्यतः non-weighted माना जाता है)
Weighted और Non-Weighted Code में अंतर
| आधार | Weighted Code | Non-Weighted Code |
|---|---|---|
| Bit Weight | निश्चित होता है | निश्चित नहीं होता |
| गणना | आसान | आसान नहीं |
| उपयोग | गणना, BCD सिस्टम | Error detection, digital circuits |
| उदाहरण | 8421 BCD | Gray Code |
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Weighted Code में हर बिट का वजन तय होता है और गणना आसान होती है।
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Non-Weighted Code में वजन तय नहीं होता, लेकिन यह विशेष उद्देश्यों जैसे error कम करने में उपयोगी है।

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